व्यापमं से हुआ पीईबी, अब होगा राज्य कर्मचारी चयन आयोग

भोपाल। प्रदेश की पूर्व सरकार ने फर्जीवाड़े के आरोपों से घिरे व्यापमं का नाम बदलकर प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड (पीईबी) कर दिया था। परीक्षाओं के पूरे सिस्टम को ऑनलाइन भी कर दिया गया। अब सत्ताधारी कांग्रेस सरकार एक इसका नाम फिर बदलने जा रही है। इसका नाम राज्य कर्मचारी चयन आयोग कर दिया जाएगा। इसके लिए तकनीकी शिक्षा विभाग ने फाइल चला दी है। जल्द ही यह फाइल राज्य शासन को भेज दी जाएगी। इसके बाद नाम परिवर्तित किया जाएगा।

प्रदेश में भर्ती और प्रवेश परीक्षाओं का जिम्मा संभाल रही संस्था पीईबी ने 2019 में होने वाली परीक्षाओं का कार्यकम जारी कर दिया है। साथ ही परीक्षाओं की तैयारियां भी की जा रही हैं। पीईबी का नाम राज्य कर्मचारी चयन आयोग रखा जा रहा है, जिसमें 31 सदस्य होंगे। इसमें 14 पदेन सदस्य, 11 मनोनीत और 7 बोर्ड के कार्यकारी सदस्य रहेंगे। कार्यकारी सदस्यों में अध्यक्ष, पीएस तकनीकी शिक्षा, वित्त व चिकित्सा शिक्षा, आरजीपी कुलपति, निदेशक व्यापमं और तकनीकी शिक्षा होंगे। इसी तरह शासन 11 सदस्यों को मनोनीत करेगी। कुछ अधिकारियों को पदेन व कार्यकारी सदस्य की भूमिका निभाना होगी। लोकसभा चुनाव की आचार संहिता दस मार्च से लगने की उम्मीद जताई जा रही है। इसके बाद ही नाम परिवर्तन और सदस्यों की नियुक्ति हो सकेगी।

दो विधायक भी होंगे सदस्य

पीईबी के आयोग बनने बाद दो विधायक भी सदस्य के तौर पर नियुक्त किए जाएंगे। सूत्र बताते हैं कि पीईबी ने सरकार को चिठ्ठी लिखी है। व्यवस्थाओं से जुड़े प्रस्ताव, शिकायत और मत रखने के लिए छह माह से समय टल रहा है। जल्द से जल्द निर्णय होने पर आगे की रणनीति तय की जाएगी।

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