अपनाएं यह उपाय, निश्चित सफल होगी आपकी लव मैरेज!

नई दिल्ली: प्रेम हृदय की एक ऐसी अनुभूति है जो हमें जन्म से ही ईश्वर की ओर से उपहार स्वरूप प्राप्त होती है। प्रेम-विवाह में सफलता के लिए क्या करें, क्या न करें- इस बारे में बता रहे हैं हमारे आध्यात्मिक व ज्योतिषीय चिंतक आनंद जौहरी…

ओपल या हीरा रत्न धारण करने से प्रेम-संबंधों को विवाह तक पहुंचाने में सहायता मिलती है। यदि प्रेम संबंधों में झगड़े अधिक होते हों और मतभेद बना रहता हो तो सावधान रहें। यह इस बात का संकेत है कि आप दोनों का व्यक्तित्व अलग-अलग है और कुण्डली में असमानताएं हैं। निर्णय लेने से पहले किसी योग्य विद्वान से संपर्क करें। भावुक होकर निर्णय न लें।

यदि आपका प्रेमी/प्रेमिका और आप में से कोई एक व्यक्ति मांगलिक है तो विवाह से पूर्व पुन: विचार करें। यह संबंध शुभ नहीं है। आप फिर भी विवाह करना ही चाहते हैं तो विवाह से पूर्व मंगल दोष का उपाय अवश्य कर लें। उपाय में कुंभ विवाह और वट विवाह मुख्य माने जाते हैं।

प्रेम-विवाह से पूर्व संख्या शास्त्र की सहायता से संबंधों की जांच-पड़ताल अवश्य कर लें या करवा लें। शत्रु अंकों से प्रेम और प्रेम-विवाह से बचना ही अच्छा है। जैसे- 4-9, 1-8, 2-3, 2-5 इत्यादि। ये मिलन शुभ नहीं हैं।

प्रेम-विवाह में सफलता के लिए प्राण प्रतिष्ठत असली नेपाली गौरी-शंकर रुद्राक्ष, श्वेत वर्ण (वाइट गोल्ड) में धारण करें।

एक-दूसरे को नुकीली या काटने वाली वस्तु उपहार में न दें। इससे संबंध खराब हो सकते हैं।

इस संबंध में रहते हुए हीरा भेंट करना शुभ होता है।

सप्तमेश या सप्तम भाव में विराजमान ग्रह की शांति अवश्य करा लें।

ध्यान रखें कि गिफ्ट में काले रंग की कोई वस्तु एक-दूसरे को कभी न दें। इससे समस्या हो सकती है।

लाल, गुलाबी और सुनहरे पीले रंग की वस्तुओं का आदान-प्रदान श्रेष्ठ है।

श्वेत वस्त्र धारण करके किसी भी धर्म के देव-स्थल पर लाल गुलाब व चमेली का इत्र अर्पित करें। प्रेम-विवाह में लाभ होगा।

काम व आकर्षण बीज मंत्रों का जाप करें।
मंत्र- ऊँ क्लीं नम:।

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