आनलाइन रिटेल के लिए खतरा है आफलाइन खुदरा कारोबार

नागपुर: फ्यूचर ग्रुप के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) किशोर बियानी ने कहा देश में उभर रहे ऑनलाइन रिटेल बिजनेस को बिग बाजार और ईजीडे जैसे ऑफलाइन खुदरा आउटलेट्स से खतरा है। उन्होंने कहा ऑनलाइन खुदरा कारोबार की बाजार हिस्सेदारी कम है, पर इसकी लागत अधिक है। उन्होंने कहा अब समय बदल गया है। भारतीयों में ऑनलाइन खरीदारी का बुखार उतर जाने का तर्क देते हुए उन्होंने कहा समय बहुत तेजी से बदल रहा है। ऐसे में जो लोग समय पर नजर नहीं रखेंगे वे धीरे-धीरे अप्रासंगिक होते जाएंगे।

बियानी ने कहा ऑनलाइन खुदरा कारोबार को हम लोगों से खतरा है, और उन्हें भी यह मालूम हो चुका है कि उनसे हमें कोई खतरा नहीं है। क्योंकि उनके पास एक प्रतिशत बाजार हिस्सेदारी भी नहीं है। जबकि कारोबार की लागत अधिक है। उन्होंने कहा पिछले कुछ सालों में खुदरा उपभोक्ताओं का छोटा हिस्सा ही फ्लिपकार्ट और ऐमजॉन से रोजाना इस्तेमाल की चीजें खरीद रहा है। उन्होंने भारतीयों की ऑनलाइन खरीदारी का बुखार उतर जाने की बात कहते हुए कहा अगर आप वैश्विक स्तर पर देखेंगे अलीबाबा सिर्फ ऑफलाइन खुदरा कारोबार ही खरीद रहा है। ऐमजॉन भी यही कर रहा है। मतलब यह है कि समय बदल चुका है।

बियानी ने कहा फैशन और खाद्य श्रेणी में लगातार मांग आ रही है। फैशन श्रेणी में तेज वृद्धि हो रही है। एफबीबी, सेंट्रल और ब्रैंड फैक्टरी जैसे चेन काफी अच्छी स्थिति में हैं। यह पूछे जाने पर कि क्या ऑनलाइन खुदरा कारोबार ऑफलाइन कारोबार पर हावी हो रहा है, उन्होंने कहा कि दोनों एक-दूसरे से मिल रहे हैं और अभी के 10 साल बाद दोनों पूरी तरह मिल जाएंगे।

उन्होंने कहा, चीन के बारे में माना जाता है कि वह सबसे अधिक डिजिटल है पर वहां भी ऑफलाइन खुदरा कारोबार की हिस्सेदारी 82 प्रतिशत है। अमेरिका में यह 89 प्रतिशत है। इसी तरह भारत में भी ऑफलाइन खुदरा कारोबार का भविष्य बेहतर है क्योंकि ऑनलाइन खुदरा कारोबार की हिस्सेदारी काफी कम है। उन्होंने कहा, हमारी कंपनी का नाम फ्यूचर ग्रुप है क्योंकि हम भविष्य को देखकर काफी पहले योजना बना लेते हैं।

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