कर्नाटक सरकार का बजट पेश, किसानों के दो लाख तक के कर्ज माफ

बेंगलूरू: कर्नाटक की कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन सरकार के मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी ने गुरुवार को विधानसभा में राज्य का बजट पेश किया। पहले से लगाई जा रहीं अटकलों को सही साबित करते हुए कुमारस्वामी ने बजट में चुनावी वादे को कुछ हद तक पूरा किया और किसानों के दो लाख रुपये तक के कर्ज माफ करने की घोषणा की। कर्जमाफी के लिए 34,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।

राज्य विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस और जेडीएस दोनों दलों ने सरकार में आने पर किसानों के कृषि ऋण माफ किए जाने का वादा किया था। मुख्यमंत्री ने किसानों की कर्जमाफी के लिए 34,000 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया है। उन्होंने कहा कि पहले चरण में 31 दिसंबर 2017 तक लिए गए कर्ज माफ किए जाएंगे। जिन किसानों ने तय समय के अंदर कर्ज चुका दिए हैं, उन्हें प्रोत्साहन के तौर पर चुकाई गई राशि या 25 हजार रुपये जो भी कम हुआ, सरकार चुकाएगी।

कुमारस्वामी ने 2,13,734 करोड़ रुपये के बजट का ऐलान करते हुए कहा कि वह पूर्ववर्ती सिद्धरामैया सरकार की सभी योजनाओं को जारी रखेंगे। बजट में सेवा और कृषि सेक्टर पर फोकस रखा गया है। साल 2016-17 में वृद्धि दर 7.5% थी जो 2017-18 में बढ़कर 8.5% पहुंच गई। सरकार की प्राथमिकता किसानों के कर्ज माफ करने के लिए संसाधन जुटाने पर है। पार्टी के चुनावी घोषणापत्र में किए गए सभी वादों को पूरा करने के लिए हमारी सरकार प्रतिबद्ध है।

हालांकि इसी राहत के बीच लोगों के लिए पेट्रोल-डीजल खरीदना अब महंगा हो गया है। कुमारस्वामी सरकार ने पेट्रोल पर लगे टैक्स को 30 से बढ़ाकर 32 प्रतिशत और डीजल को 19 से 21 प्रतिशत कर दिया है। इसकी वजह से पेट्रोल की कीमत 1.14 प्रति लीटर और डीजल की 1.12 प्रति लीटर बढ़ जाएगी। गौरतलब है कि सरकार गठन के बाद किसान कर्जमाफी न देने के प्रमुख विपक्षी दल बीजेपी के आरोप के बाद कुमारस्वामी ने किसानों से मुलाकात की थी। उन्होंने कहा था कि उनकी सरकार पांच दिन में इस पर कोई फैसला ले लेगी।

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