जिस घर में बहू करती है ये काम, उसे सास से मिलता है बहुत लाड़-प्यार

सास-बहू, ननद-भाभी के किस्स हर घर के होते हैं बहुत कम ही ऐसे घर होते हैं जहां सास-बहू और ननद-भाभी में लड़ाई-झगड़ा सुनने को ना मिले. शादी के बाद नये घर को समझना हर लड़की के लिए मुश्किलभरा पल होता है. हालांकि वो अपनी समझ में तो सुसराल वालों को खुश करने के लिए अच्छा ही काम करती है ंलेकिन कभी-कभी वो ऐसे काम भी कर जाती हैं जिसकी वजह से उन्हें डांट पड़ जाती है, आज हम आपको बहूओं के ऐसे काम बताने जा रहे हैं जिनके करने से उन्हें ससुराल में बहुत ज्यादा प्यार और लाड़ मिलता है.

 

हर बहू चाहती है कि ससुराल में उसे बेटी की तरह प्यार मिले और ऐसा प्यार तभी मिल सकता है जब उसे अपनी सास के मन का काम करना होगा. आखिर सास भी तो चाहती है कि उसकी बहू उसकी बेटी की तरह ही उसके साथ रहे. ऐसे में सबसे पहला काम खाना होता है. खाना जो किसी को भी अपनी तरफ खींच लेता है. भले ही आप खाना स्वादिष्ठ ना बनाये लेकिन अगर आप सभी को उसी खाने को प्यार से परोसकर देंगी तो हर कोई आपका हो जायेगा. खाना बनाते वक्त अपनी सास से राय लेना खाने के टिप्स शेयर करने से दोनों के बीच को बोडिंग अच्छी रहती है और सास बिल्कुल बेटी की तरह बताती भी हैं

ये बात तो आप किताब में सुनते आये होंगे कि अगर हम जिसे जैसी इज्जत देंगे हमे भी वैसी ही इज्जत मिलेगी. भले ही सास से डांट पड़ रही हो लेकिन कभी उन्हें बदले में जबाव नहीं देना ही बहू की सबसे अच्छी खासियत होती है. हर रोज डांट-डांटकर आखिर एक दिन सांस का भी दिल पिघल ही जाती है और वो आपको डांट की जगह प्यार करने लगेंगी.

ज्यादातर सास-बहू की लड़ाई विचार मेल ना होने पर होती है. अगर आपको भी अपनी सास के विचार ठीक नहीं लग रहे हैं या फिर उनके विचार से आप सहमत नहीं हैं तो आप लड़े-झड़गे नहीं बल्कि पूरे लॉजिक और उदाहरण के साथ उनके सामने उस बात को रखें. तब चाहे उन्हें समझ में आये और उनका फैसला बदल भी सकता है.

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया The Lucknow Tribune के  Facebook  पेज को Like व Twitter पर Follow करना न भूलें...
Loading...
-------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- --------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- --------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- --------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- ---------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------
E-Paper