पड़ोसी का बच्चा लग रहा था अच्छा तो महिला ने प्रेमी के साथ मिलकर किया अपहरण

भोपाल: मध्य प्रदेश के रीवा जिले के ग्राम हसली थाना नई पीढ़ी के इलाके से अपहरण किये मासूम को पुलिस के लगातार प्रयास करते हुए आखिरकार 52 दिनों बिहार से बरामद कर आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया। पूरी घटना को लेकर जहां आला अफसरों ने पुलिस टीम को सम्मानित किये जाने की बात कही वहीं प्रभारी निरीक्षक के एल शाक्य के काम की भी प्रशंसा की बात कही। प्रभारी निरीक्षक केएल शाक्य के काम की भी प्रशंसा की जा रही है।

घटना का खुलासा करते हुए एसपी ललित शाक्यवार ने मीडिया को बताया कि पंद्रह अक्टूबर को थाना इलाके के ग्राम हसली में रहने वाली शिवेश तिवारी के पांच माह के मासूम बेटे को आधी रात करीब 2 बजे उस समय अज्ञात आरोपीने अगवा कर लिया जब वो मां के साथ घर में सो रहा था। परिवार वालों की रिपोर्ट पर अपहरण का मामला दर्ज कर मासूम की खोजबीन के लिए टीम गठित की गई। प्रभारी निरीक्षक केएल शाक्य की टीम सहित सायबर सेलऔर मुखबिरों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस को अगवा किये गये मासूम के पड़ोस में रहने वाली महिला रामकली पर संदेह गहरा गया।

छानबीन में सामने आया कि संदेही महिला भी घटना के बाद से गायब है। संदेही महिला के बारे खोजबीन करने पर पुलिस को पता लगा कि वो विवाहित है लेकिन करीब डेढ़ साल से अपने पति को छोड़कर अपने प्रेमी संतोष उर्फ दीपक निवासी ग्राम जारगी बिहार के साथ रह रही है। पुलिस ने रामकली के प्रेमी संतोष को भी जांच के दायरे में लिया तब सामने आया कि वो भी प्रेमिका के साथ गायब हो गया है। जांच टीम ने सायबर सेल की मदद से दोनों आरोपियों की लोकेशन की जानकारी जुटाना शुरू की जिसके बाद पुलिस ने पुख्ता जानकारी मिलने पर बिहार जाकर 21 नवंबर को दबिश देते हुए अगवा किये गये मासूम ओम तिवारी को सकुशल बरामद करते हुए आरोपी प्रेमी प्रेमिका को गिरफ्तार कर लिया।

बाद में मासूम को उसके परिजनों के सुपुर्द किया गया। करीब 52 दिनों बाद अपने बेटे को पाकर परिवार वालों की आंखें नम हो गई। पूछताछ में आरोपी महिला ने बताया कि मासूम ओम उसे बहुत अच्छा लगता था और वो उसकी मां से ओम को उसे देने को कह चुकी थी। लेकिन उसकी मां के इंकार करने पर उसने ओम के अपहरण की साजिश रची और प्रेम की मदद से उसे अगवा कर बिहार जाकर रहने लगी। हालांकि पुलिस के आरोपियों की कहानी पर विश्वास नहीं हो पा रहा है।

मासूम के बरामद होने पर यहां उसके परिवार में खुशियां लौट आई वहीं पुलिस विभाग ने भी चैन की सांस ली। वहीं इलाके में हुए सनसनीखेज अपहरण कांड में जहां सफलता पाने वाली पुलिस टीम मे जहां एसपी ललित शाक्यवार ने सम्मानित करने की घोषणा की है, वहीं प्रभारी निरीक्षक के एल शाक्य के कार्य की भी प्रशंसा अफसरों और क्षेत्र वासियों द्वारा की जा रही है।

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