फेंगशुई के इन 3 सिक्कों से बदल जाएगी आपकी किस्मत, आजमाकर देखें

आजकल समस्याएं किसकी जिंदगी में नहीं होती. हर कोई दिक्कतों से जूझ रहा है. लेकिन आप फेंगशुई के इन 3 पुराने सिक्कों की मदद से इन परेशानियों से निजात पा सकते हैं. साथ ही अपने आस-पास की नकारात्मक ऊर्जा को दूर कर सकते हैं.

बता दें, फेंगशुई के अनुसार ये 3 पुराने सिक्के आर्थिक संपन्नता का प्रतीक माने जाते हैं. इन्हें अपने पास रखने से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और घर में पॉजिटिव वातावरण बना रहता है. तो आज जानते हैं घर में ये सिक्के रखने से आप अपनी कौन-कौन सी परेशानियों से छुटकारा पा सकते हैं.
फेंगशुई
कर्ज से मिलेगी मुक्ति
ज्यादातर लोगों को पैसों की परेशान होती है जिसके चलते उन्हें उधार लेना पड़ता है. लेकिन बाद में वह लिया गया उधार वापस नहीं कर पाते. ऐसे में आप बेडरूम की खिड़की पर लाल धागे में बंधे तीन सिक्के लटका दें. आपका लिया सारा कर्ज खत्म हो जाएगा.
बेरोजगारी से मुक्ति
फेंगशुई के सिक्के के जिस‍ हिस्से पर चार लिपि-प्रतीक बना हुआ होता है, उसे यांग यानी सकारात्मक और जिस हिस्से पर दो लिपि-प्रतीक बना होता है, उसे यिन या नकारात्मक ऊर्जा वाला हिस्सा माना जाता है. इन सिक्कों को किसी भी जगह रखते समय हमेशा इस बात का ध्यान रखें कि इसका सकारात्मक हिस्सा हमेशा ऊपर की ओर बना रहे. इन सिक्कों को तिजोरी में रखने से पैसों की तंगी दूर होती है.
परिवार में कलह
अगर आपके घर में हर छोटी बात को लेकर तनाव या कलह का माहौल बन जाता है तो इस परेशानी को दूर करने के लिए अपने घर के मुख्य कमरे में इन सिक्को को बांध दें.
तनाव से मुक्ति
अगर आपको तनाव या अवसाद है तो उसे दूर करने के लिए घर के मुख्य कमरे के दरवाजे पर इन 3 सिक्कों को बांधकर रख दें. तनाव दूर होगा.

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया The Lucknow Tribune के  Facebook  पेज को Like व Twitter पर Follow करना न भूलें... ---------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------
--------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- --------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- --------------------------------------------------------------------------------------------------
-------------------------------------------------------------------------------------------------------------
---------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------
E-Paper