मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एमएसएमई बिजनेस मीट में बोले- 1500 बंद उद्योगों को खोलने का हो रहा प्रयास

समस्याओं का आकलन किया जा रहा है,उद्योगपतियों को हर संभव मदद को तैयार
रांची: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है कि राज्य सरकार राज्य के बंद पड़े 1500 उद्योगों को पुनजीर्वित करने के प्रयास में है। उन्होंने कहा कि बंद पड़े उद्योगों की समस्याओं का आकलन किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार उद्योगपतियों को हर संभव मदद को तैयार है। सीएम ने कहा कि उद्योगपतियों को निवेश में आड़े आनेवाली कठिनाई को सरकार दूर करेगी।

उन्हें किसी तरह की असुविधा नहीं होगी। मुख्यमंत्री शनिवार को इंडियन चैंबर आॅफ कॉमर्स की ओर से आयोजित एमएसएमई बिजनेस मीट को वर्चुअली संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम का आयोजन रांची के होटल बीएनआर चाणक्या में किया गया था। उन्होंने कहा कि झारखंड एसटी, एससी बहुल राज्य है। यहां 27 फीसदी जनजातीय वर्ग के लोग रहते हैं। इन जनजातियों का व्यापार में महज दो से ढाई फीसदी ही हिस्सेदारी है, जबकि उत्तर-पूर्वी राज्यों के जनजातियों की व्यापार में हिस्सेदारी 7-10 फीसदी है। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से नई उद्योग नीति लाई गई है, जिसकी जानकारी हाल ही में दिल्ली में आयोजित इंडस्ट्री मीट में उद्योगपतियों को दी गई है। इससे उत्साहित कई उद्योगपतियों ने निवेश की इच्छा व्यक्त की है। सीएम ने कहा कि सरकार राज्य के जनजातियों को रेशम, लाह और वनोपज जैसी पारंपरिक व्यवसाय से जोड़ना चाहती है।
सब्जी व पशुपालन को बाजार नहीं मिलने से किसानों को नहीं मिल रही सही कीमत
सीएम ने कहा कि सब्जी और पशुपालन को बाजार नहीं मिलने से किसानों को उचित कीमत नहीं मिल पा रही है। सरकार सब्जी और पशुपालन तथा वनोपज को भी व्यापार से जोड़ेगी। उन्होंने कहा कि खनिज समेत अन्य क्षेत्रों में भरपूर क्षमता के बावजूद हम अपनी पहचान नहीं बना सके हैं। उन्होंने कहा कि कि राज्य व्यापार के क्षेत्र में भी आगे बढेगा। उन्होंने मीट में पहुंचे उद्योपतियों से सुझाव देने को कहा।

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