मोदी सरकार के खिलाफ एक और अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस

दिल्ली ब्यूरो: समरथ के नहीं दोष गुसाईं। तुलसीदास ने रामचरित्र मानस में अधिकार संपन्न लोगों के लिए कुछ इसी तरह की चौपाई लिखी है। जो धनवान है,शक्तिमान है और ताकतवर है वह जो चाहे कर सकता है। उसका कोई दोष नहीं। प्रजा की मांग चाहे जो भी हो ताकतवर राजा प्रजा की मांग को कुचल भी सकता है और प्रजा को दबा भी सकता है क्योंकि वह ताकतवर है। लेकिन लोकतंत्र ताकत से तो चलता नहीं। लोकतंत्र में जनता की ताकत ही सर्वोपरि है। लेकिन यह ताकत तो पांच साल बाद ही जनता दिखा पाती है। बीच में तो सरकार की जैसी इच्छा।

इधर संसद में गतिरोध जारी है। कोई काम नहीं। मोदी सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लगातार बढ़ते जा रहे हैं। पहले से ही सरकार के खिलाफ तीन अविश्वास प्रस्ताव को लेकर नोटिस दिए गए थे अब चौथा नोटिस सोमवार को लोकसभा में सीपीएम संसदीय दल के नेता पी करुणाकरन की ओर से लोकसभा महासचिव को भेजा गया है। लोकसभा की कार्यवाही संचालन की प्रक्रिया नियम 198 बी के तहत भेजे गये नोटिस में महासचिव से अविश्वास प्रस्ताव को सदन की 27 मार्च की संशोधित कार्यसूची में शामिल की मांग की है।

पार्टी के लोकसभा सदस्य मोहम्मद सलीम ने बताया कि उनके दल ने चार प्रमुख मुद्दों के हवाले से मोदी सरकार के प्रति अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया है। देश और जनता की आर्थिक आजादी पर हो रहे हमले, महिलाओं और कमजोर वर्गों के खिलाफ दमनकारी गतिविधियों के कारण देश के सामाजिक तानेबाने पर खतरा, लोकतांत्रिक संस्थाओं और मूल्यों को तहस-नहस करना और देश की विदेश नीति को कमजोर करना। इन चार मुद्दों को लेकर सीपीएम ने मोदी सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया है।

बता दें कि इससे पहले कांग्रेस, तेलुगू देशम पार्टी और वाईएसआर कांग्रेस विभिन्न मुद्दों पर सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दे चुके हैं। यह बात और है कि लोकसभा में सरकार के पास पर्याप्त बहुमत है इसलिए अविश्वास प्रस्ताव से सरकार के गिरने के आसार नहीं है। लेकिन इसके जरिए विपक्ष एनडीए गठबंधन के अंदर चल रही उठा-पटक को सामने लाना चाहता है। टीडीपी ने आंध्र प्रदेश को स्पेशल कैटेगरी में रखने और पैकेज नहीं देने का आरोप लगाते हुए कुछ दिन पहले ही एनडीए से बाहर होने का ऐलान कर दिया है। वैसे लोकसभा में बीजेपी के पास 274 सदस्य हैं, एनडीए गठबंधन के पास 300 से ज्यादा सांसद हैं।

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया The Lucknow Tribune के  Facebook  पेज को Like व Twitter पर Follow करना न भूलें... --------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- --------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- ---------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------
Loading...
E-Paper