विधान सभा अध्यक्ष ने हिन्दी संस्थान में 50 साहित्यकारों को किया सम्मानित

लखनऊ ब्यूरो।​उत्तर प्रदेश के विधान सभा अध्यक्ष ह्रदय नारायण दीक्षित ने बुधवार को उत्तर प्रदेश हिन्दी संस्थान की ओर से वर्ष 2017 के चयनित साहित्यकारों को सम्मानित किया। इस मौके पर विधानसभा अध्यक्ष ने डा. रमेश चन्द्र शाह को भारत भारती सम्मान से सम्मानित किया गया। इसके लिए डा. शाह को पांच लाख रुपये नगद, प्रशस्ति पत्र और अंगवस्त्र प्रदान किया गया।

इसके अलावा डा. धर्मपाल मैनी को पं दीनदयाल उपाध्याय व 10 साहित्यकारों को सौहार्द सम्मान से सम्मानित किया। हिन्दी संस्थान ने पहली बार 20 साहित्यकारों को साहित्य भूषण सम्मान से सम्मानित किया है।

इस मौके पर ​उत्तर प्रदेश के विधान सभा अध्यक्ष ह्रदय नारायण दीक्षित ने कहा कि दुनिया की सभी भाषाओं में साहित्य का सृजन हुआ है लेकिन हिन्दी भाषा में जिस साहित्य का सृजन हुआ है वह दुनिया की अन्य किसी भी भाषा में नहीं मिलेगा। हिन्दी में जो लिखा गया वह हमारा आदर्श बना।

उन्होंने कहा कि दुनिया की किसी साहित्य में कोई कविता नहीं है जो संस्कृति व सभ्यता का नेतृत्व करती हो। हिन्दी भाषा की कविता हमारी संस्कृति व जीवन मूल्य के बोध को जगाती है। हिन्दी कविता ही भारत का आचार शास्त्र बनी। विधान सभा अध्यक्ष ने कहा कि आज हिन्दी भाषा के समक्ष चुनौती विद्यमान है।

डा. रमेश चन्द्र शाह को मिला भारत-भारती सम्मान

दिल्ली के जयप्रकाश कर्दम को लोहिया साहित्य सम्मान, गोरखपुर के डॉ. रामदेव शुक्ल को हिंदी गौरव सम्मान, नोएडा के डॉ. रामगोपाल शर्मा ‘दिनेश’ को महात्मा गांधी साहित्य सम्मान,पटना के शत्रुघ्न प्रसाद को अवंती बाई साहित्य सम्मान, कोलकाता के बड़ाबाजार कुमार सभा पुस्तकालय को राजर्षि पुरुषोत्तमदास टंडन सम्मान प्रदान किया गया। इन सभी साहित्यकारों को 4-4 लाख रुपये की धनराशि प्रदान की गयी।

गोरखपुर के रवींद्रनाथ श्रीवास्तव जुगानी भाई को लोक भूषण सम्मान, गाजियाबाद के डॉ. क्षेत्रपाल गंगवार को कलाभूषण सम्मान, लखनऊ के डॉ. कैलाश देवी सिंह को विद्याभूषण सम्मान, दिल्ली के डॉ. गणेश शंकर पालीवाल को विज्ञान भूषण सम्मान, रायपुर के रमेश नैयर को पत्रकारिता भूषण सम्मान, यूएसए के डॉ. मृदुल कीर्ति को प्रवासी भारतीय हिंदी भूषण सम्मान, दिल्ली की डॉ. शकुंतला कालरा को बाल साहित्य भारती सम्मान, फरीदाबाद के डॉ. सुधाकर सिंह को मधु लिमये साहित्य सम्मान, दिल्ली के डॉ. गोविंद व्यास को पं. श्रीनारायण चतुर्वेदी साहित्य सम्मान और डॉ. विष्णु गिरी गोस्वामी को विधिभूषण सम्मान दिया जाएगा।

हिंदी विदेश प्रसार सम्मान के लिए यूएसए के डॉ. अनिल प्रभा कुमार को चुना गया है। इन सभी को दो-दो लाख रुपये प्रदान किये गये। एक लाख रुपये की राशि के मदन मोहन मालवीय विवि स्तरीय सम्मान के लिए पिलखुआ के डॉ. वागीश दिनकर और लखनऊ के डॉ. अशोक कुमार दुबे को प्रदान किया गया।

पहली बार 20 साहित्यकारों को मिला साहित्य भूषण सम्मान

हिन्दी संस्थान ने पहली बार 20 साहित्यकारों को साहित्य भूषण सम्मान से सम्मानित किया है। अब तक 10 साहित्यकारों को ये सम्मान मिलता आ रहा था। विधान सभा अध्यक्ष ह्रदय नारायण दीक्षित ने बुधवार को दयानन्द पाण्डेय लखनऊ, डॉ. मिथिलेश दीक्षित लखनऊ मथुरेश नन्दन कुलश्रेष्ठ जयपुर, डॉ. हरिमोहन मालवीय इलाहाबाद, डॉ. अमरनाथ सिन्हा पटना, आचार्य निशांत केतु हरियाणा, देवीसहाय पाण्डेय ‘दीप’ फैजाबाद, राम नरेश सिंह ‘मंजुल’ बस्ती, डॉ. नन्द लाल मेहता ‘वागीश’ हरियाणा, डॉ. सत्यधर शुक्ल लखीमपुर खीरी, डॉ. रामबोध पाण्डेय प्रतापगढ़, डॉ. रमेश चन्द्र शर्मा कानपुर , राम सहाय मिश्र ‘कोमल शास्त्री’ अम्बेडकर नगर, डॉ. सुन्दरलाल कथूरिया नई दिल्ली, डॉ. पशुपति नाथ उपाध्याय अलीगढ़, डॉ. ओमप्रकाश सिंह रायबरेली, डॉ. चमनलाल गुप्त शिमला, चन्द्र किशोर सिंह उन्नाव, डॉ. अनुज प्रताप सिंह मिर्जापुर और डॉ. दीप्ति गुप्ता पुणे को साहित्य भूषण सम्मान प्रदान किया। सभी साहित्यकारों को सम्मान स्वरूप दो लाख रुपये की धनराशि भी दी गयी।

इन साहित्यकारों को मिला सौहार्द सम्मान

डॉ. अशोक प्रभाकर कामत, पुणे (मराठी), डॉ. टी.वी. कट्टीमनी, अमरकंटक, म.प्र. (कन्नड़), डॉ. बनारसी त्रिपाठी, गोरखपुर (संस्कृत), डॉ. पी. माणिक्यांबा ‘मणि’, हैदराबाद (तेलुगु), विनोद बब्बर, दिल्ली (पंजाबी), डा. एन.जी. देवकी, कोच्चि, केरल (मलयालम), डॉ. ए.बी. साई प्रसाद, बैंगलोर (तमिल), डॉ. विनोद कुमार गुप्त ‘निर्मल विनोद’, जम्मू-कश्मीर, (डोंगरी), मेयार सनेही ‘शब्बीर हुसैन’, वाराणसी (उर्दू) और श्रीवत्स करशर्मा, कटक (उड़िया) को सौहार्द्र सम्मान से सम्मानित किया गया। सभी सम्मानित शख्सियतों को सम्मान स्वरूप दो लाख रुपये की धनराशि भी दी जायेगी।

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया The Lucknow Tribune के  Facebook  पेज को Like व Twitter पर Follow करना न भूलें... ---------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------
--------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- ---------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------
---------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------
E-Paper