सीएम योगी आदित्यनाथ ने विस्तार से बताया- पुरानी पेंशन स्कीम पर क्या है भाजपा की प्लानिंग?

नई दिल्ली: राजस्थान सरकार ने राज्य के कर्मचारियों को पुरानी पेंशन बहाल कर बड़ा तोहफा दिया है। इसके अलावा उत्तर प्रदेश के चुनाव में भी यह मुद्दा लगातार चल रहा है। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव अपनी सरकार बनने पर पुरानी पेंशन बहाल करने का वादा कर रहे हैं। अब तक इस पर भाजपा की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई थी, लेकिन अब सीएम योगी आदित्यनाथ ने अपनी प्लानिंग बताई है। इकनॉमिक टाइम्स को दिए इंटरव्यू में सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सपा जैसे दल अपने दौर में हुई गलतियों और कुशासन के मुद्दे को छिपाने के लिए पुरानी पेंशन स्कीम की बात कर रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा, ‘विपक्षी दलों की ओर से पुरानी पेंशन स्कीम के मुद्दे को उठाया जा रहा है ताकि वे अपने दौर में हुई गलतियों और कुशासन की बात से लोगों का ध्यान हटा सकें। नई पेंशन स्कीम तो लागू ही यूपी में समाजवादी पार्टी की सरकार के दौर में हुई थी। उसके बाद से अब तक तीन सरकारें जा चुकी हैं, इनमें से एक अखिलेश यादव की ही थी। यदि यह स्कीम गलत है तो फिर उन्होंने अब तक इसे बदला क्यों नहीं था। उन्होंने ऐसा नहीं किया और न ही कर सकते हैं।’ इसके साथ ही सीएम योगी आदित्यनाथ ने इस मसले पर भाजपा सरकार की तैयारियों के बारे में भी बताया।

योगी ने कहा, ‘हमारी सरकार कर्मचारी यूनियनों के संपर्क में हैं। हम उन्हें भरोसा दिलाने का प्रयास कर रहे हैं कि उनके हित हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता में होंगे। नई पेंशन स्कीम में जो भी बदलाव किए जा सकेंगे। हम करेंगे।’ इसके साथ ही उन्होंने ओबीसी आरक्षण में सबकैटेगराइजेशन के मुद्दे पर भी बात रखी। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी की लीडरशिप में हमारी सरकार सबका साथ और सबका विकास की नीति पर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि हमारी कोशिश है कि बिना किसी पक्षपात के समाज के सभी वर्गों तक लाभ पहुंच सकें। उन्होंने कहा कि कुछ ऐसे वर्ग हो सकते हैं, जिन्हें विकास का अधिक लाभ मिला हो। हम ऐसे वर्गों के लिए खास योजनाएं तैयार करेंगे, जिन्हें अब तक लाभ नहीं मिल पाया है।

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