स्वास्थ्य मंत्री बोले- उप्र की स्वास्थ्य सेवाएं बिगाड़ने की जननी मायावती

बनारस: उत्तर प्रदेश सरकार के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने यहां गुरुवार को कहा कि मायावती एनआरएचएम घोटाले की ‘मेन आर्किटेक्ट’ हैं। उत्तर प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाएं बिगाड़ने की वह जननी भी हैं। सिद्धार्थनाथ पूर्वाचल दौरे पर गाजीपुर रवाना होने से पहले कहा कि अखिलेश यादव ने भी पांच साल में उसमें कोई सुधार नहीं किया। अब माया व अखिलेश की ओर से भाजपा को सीख देना किसी भी तरह शोभा नहीं देता।

उन्होंने कहा, “नीति आयोग की ओर से जारी आंकड़े 2017 के हैं जिस साल हमारी सरकार आई। उसमें शामिल 23 में से 15 बिंदुओं पर 17 के अंत तक सुधार कर दिया गया। शेष आठ बिंदुओं पर जो कमी आई, उनमें 2018 के आंकड़ों में सुधार दिखेगा।”

स्वास्थ्य मंत्री ने मायावती को निशाने पर लेते हुए कहा कि किस प्रकार विरासत में मिली खराब व्यवस्था सुधारी जाती है, वह भाजपा से सीखना चाहिए। लोकसभा चुनाव में किए गए सपा-बसपा के गठबंधन को सिद्धार्थनाथ ने एक बार फिर अवसरवादी ठहराया और कहा वे अवसरवादी लोग थे और अवसरवादी जोड़ी बनी। उससे पहले अवसरवादी लड़कों की भी जोड़ी बनी और जब फायदा नहीं मिला तो अलग हो गए।

चमकी बुखार पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में शांति है, लेकिन इलाज की व्यवस्था पूरी है। वैसे भी 2017-18 की अपेक्षा बच्चों की मौत में 67 फीसद गिरावट है। उन्होंने सतर्कता की बाबत कहा कि वह इसीलिए पूर्वाचल के दौरे पर निकले हैं, ताकि व्यवस्था को परख सकें।

मंत्री ने कहा कि तीन बार इंटर गवर्नमेंटल बैठकें की जा चुकी हैं और मुख्यमंत्री भी निरीक्षण कर चुके हैं। पिछले साल 38 जिलों में कार्य किया गया, लेकिन इस साल 75 जिलों में जेई, एईएस, संचारी रोग को लेकर एक जुलाई से मासिक अभियान लांच किया जा रहा है। दस्तक भी प्रोग्राम का एक हिस्सा है।

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