भाजपा ने किसी उद्योगपति का कर्ज माफ किया है, तो देश को बताते क्यों नहीं राहुल: शाह

बेंगलूरू: भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को चुनौती देते हुए कहा कि देश को ‘गुमराह’ करने की बजाय वह सबको बताएं कि क्या भाजपा सरकार ने एक भी उद्योगपति का कर्ज माफ किया है। व्यापार एवं उद्योग जगत के नेताओं से मुखातिब शाह ने कहा कि मैं चुनाव प्रचार के दौरान राहुल गांधी के भाषण सुनता रहा हूं। वह कहते रहते हैं कि मोदी सरकार किसानों का कर्ज माफ नहीं करती, लेकिन उद्योगपतियों के कर्ज माफ कर देती है। राहुल को चुनौती देते हुए शाह ने कहा, ‘यदि नरेंद्र मोदी सरकार ने किसी उद्योगपति का कर्ज माफ किया है तो उन्हें देश को गुमराह करने की बजाय इसके बारे में सार्वजनिक रूप से जानकारी देनी चाहिए।

शाह ने कहा कांग्रेस अध्यक्ष को कर्ज माफी और फंसे हुए कर्ज (एनपीए) के बीच का फर्क नहीं पता। उन्होंने कहा इसके (समझ की कमी के) कारण वह देश को गुमराह कर रहे हैं। यदि वह विश्वेश्वरैया के नाम का भी उच्चारण कर लें तो काफी होगा। शाह संभवत राहुल की ओर से भारत रत्न से सम्मानित इंजीनियर एम विश्वेश्वरैया के नाम का कथित तौर पर गलत उच्चारण किए जाने की तरफ इशारा कर रहे थे। वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) के बारे में पूछे गए सवाल के जवाब में शाह ने कहा जीएसटी में कुछ समस्याएं हैं, लेकिन यह स्थायी नहीं है। नियमित तौर पर बैठक करने वाली जीएसटी परिषद समस्याएं सुलझा रही है।

यह ऐसा करना जारी रखेगी। राहुल की ओर से जीएसटी को ‘गब्बर सिंह टैक्स’ कहे जाने पर शाह ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष को इस तरह जीएसटी के बारे में नहीं कहना चाहिए, क्योंकि शौचालयों के निर्माण, सीमा सुरक्षा को मजबूत बनाने और अंतरिक्ष में उपग्रहों को भेजने में इसका इस्तेमाल हो रहा है।

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