कोरोना वायरस से मरने वाले लोगों के परिजन उनकी डेड बॉडी तक नहीं ले रहे

नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में कोरोना वायरस से मरने वाले लोगों के परिजन उनकी डेड बॉडी तक नहीं ले जा रहे हैं। दिल्ली के एलएनजेपी हॉस्पिटल के शवग्रह में डेड बॉडी रखी हैं लेकिन अब तक किसी ने भी उनको क्लेम नहीं किया है। ऐसे में वहां अब नई बॉडी रखने में समस्या आ रही है।

हमारे सहयोगी मिरर नाउ से बात करते हुए एक अधिकारी ने बताया कि जैसा कि Covid-19 के कारण मृत्यु दर बढ़ गई है और LNJP अस्पताल में 30 से अधिक लावारिस शव मोर्चरी में रखे हुए हैं। अधिकारियों का कहना है कि लोग संक्रमण के खतरे और गलत सूचना के कारण अपनों के ही शवों को नहीं ले जा रहे हैं। दिल्ली सरकार ने अब शवों को संभालने के लिए एक संशोधित दिशा-निर्देश जारी किया है।

देश की राजधानी दिल्ली में बीते 24 घंटे में कोरोना के रेकॉर्ड मामले सामने आए हैं। दिल्ली में लगातार चौथे दिन एक हज़ार से ज़्यादा कोरोना के मरीज सामने आए हैं। दिल्ली में रविवार को 1295 नए मामले सामने आए और संक्रमितों का आंकड़ा 19844 पहुंच गया। पिछले 24 घंटों में 416 मरीज ठीक हुए हैं, वहीं अब तक कुल 8478 मरीज ठीक हो चुके हैं। दिल्ली में इस दौरान 13 मरीजों की मौत हुई और जान गंवाने वालों का आंकड़ा बढ़कर 473 पहुंच गया है।

कोरोना वायरस संकट के बीच दिल्ली सरकार ने केंद्र से 5 हजार करोड़ रुपये की मदद मांगी है। कहा गया है कि उनके पास स्टाफ को सैलरी देने तक के पैसे नहीं हैं, इसलिए पैसा जल्द से जल्द दिया जाना चाहिए। सिसोदिया ने यह बात प्रेस कॉन्फ्रेंस और ट्वीट दोनों के जरिए कही। वह बोले कि मैंने केंद्रीय वित्त मंत्री को चिट्ठी लिखकर दिल्ली के लिए 5 हजार करोड़ रुपए की राशि की मांग की है। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी मदद के लिए ट्वीट किया है।

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