Inside Story : जानिए कैसे बन गई रजनी देश की लेडी जेम्स बांड ?

मुंबई : देश में लेडी जेम्स बांड के नाम से मशहूर रजनी पंडित यूँ ही नहीं बन गयी जासूस. दरअसल इसके पीछे एक बड़ी दस्ता छिपी है. कालेज के दिनों में जब वह पढ़ाई कर रही थीं. इस दौरान उनकी एक मित्र को शराब और सिगरेट की लत लग गयी. यह बात उन्हें बहुत बुरी लगी. इससे बुरी बात तो उन्हें तब लगी जब उनकी मित्र इससे भी एक हाथ आगे निकल कर गलत संगत वाले लड़कों के साथ रहने लगी. यह बात उन्हें बर्दाश्त नहीं हुई और उन्होंने इस बात की शिकायत उनके माता-पिता से करने की ठान ली, और तो और वह अपनी मित्र के घर एक दिन उसकी शिकायत करने भी जा पहुंची. बस फिर क्या था उनके मित्र के घरवालों ने उनसे यह पूछ डाला कि क्या तुम जासूस हो ?

यह सवाल रजनी के दिमाग में चलता रहा और अचानक उनके मन में ये आईडिया आया कि वह जासूसी का काम शुरू करें.इसके बाद तो वह लोगों के लिए जासूसी का काम करने लगीं. इसके बाद पीछे मुड़कर उन्होंने कभी नहीं देखा. पिछले 25 सालों में रजनी पंडित 75,000 से ज्यादा मामलों को सुलझा चुकीं हैं. वह भारत की पहली महिला जासूस कही जाती हैं. उन्हें देश का वुमन जेम्स बॉन्ड भी कहा जाता है. उनकी ‘रजनी पंडित डिटेक्टिव सर्विसेज’ के नाम से उनकी जासूसी फर्म है. उनकी डिटेक्टिव एजेंसी में 20 लोगों की टीम है.

जानिए कौन है रजनी पंडित ?

रजनी का जन्म माहराष्ट्र के थाणे जिले में हुआ था. रजनी ने मुंबई में मराठी लिटरेचर की पढ़ाई की थी.रजनी के पिता सीआईडी में थे और महात्मा गांधी की हत्या के केस में उन्होंने काम भी किया था.मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक रजनी कहती हैं कि ‘जब कॉलेज में थी, तो अपने साथ की एक लड़की को गलत संगत में जाते देखा.उसने सिगरेट, शराब पीने के साथ ही गलत लड़कों के साथ वक्त बिताना शुरू कर दिया था. मैंने डिसाइड किया कि उसके घरवालों को ये बात बतानी है। इसके लिए ऑफिस से उसे गिफ्ट भेजने के बहाने उसका पता मांगा और फिर वहां पहुंच गई. उसके घरवालों को मैंने जब ये बातें बताईं तो उन्होंने यही कहा, क्या आप जासूस हो? उसी दिन मैंने सोच लिया था कि मुझे क्या करना है.

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