रेलवे में ट्रैक्टर लगाने का झांसा देकर किसानों से ठगी, अंतरजनपदीय गैंग के 4 सदस्य गिरफ्तार; 5 ट्रैक्टर बरामद

गोण्डा। किसानों से ट्रैक्टर किराये पर लेकर उन्हें रेलवे में लगवाने का झांसा देकर ठगी करने वाले एक अंतरजनपदीय गैंग का खुलासा हुआ है। थाना नवाबगंज पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है और उनके कब्जे से पांच ट्रैक्टर बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार आरोपियों ने किसानों का विश्वास जीतकर उनके ट्रैक्टर किराये पर लिए और बाद में उन्हें दूसरे जिलों में बेच दिया।

पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल के निर्देश पर चलाए जा रहे अपराधियों के खिलाफ अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी राधेश्याम राय के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी तरबगंज उमेश्वर प्रभात सिंह के नेतृत्व में नवाबगंज थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया।
रेलवे में काम दिलाने का झांसा देकर लिए ट्रैक्टर
मामले की शुरुआत 30 जून 2025 को हुई, जब ग्राम तुलसीपुर माझा निवासी अनीश कुमार ने थाना नवाबगंज में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि प्रतापगढ़ के रहने वाले कुछ लोगों ने उनके ट्रैक्टर को रेलवे में काम दिलाने के नाम पर 25 हजार रुपये प्रतिमाह किराये पर लिया था। शुरुआत में तीन महीने का अग्रिम किराया 75 हजार रुपये दिया गया, लेकिन बाद में न तो किराया मिला और न ही ट्रैक्टर वापस किया गया।
जांच में सामने आया कि आरोपियों ने इसी तरह अन्य किसानों के ट्रैक्टर भी किराये पर लेकर हड़प लिए थे। इनमें छोटू यादव, हृदयराम और अमेठी की निवासी श्रीमती प्रभावती के ट्रैक्टर भी शामिल थे। जब पीड़ित 6 जून 2025 को किराया और ट्रैक्टर वापस लेने के लिए आरोपियों के घर पहुंचे तो उन्हें धमकाकर भगा दिया गया।
ट्रैक्टर लेकर दूसरे जिलों में बेच देता था गैंग
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उनका एक संगठित गैंग है। गैंग का एक सदस्य किसानों को बहला-फुसलाकर ट्रैक्टर मासिक किराये पर लेता था और दो-तीन महीने का एडवांस किराया देकर विश्वास जीत लिया जाता था। इसके बाद ट्रैक्टर को गैंग के अन्य सदस्यों को सौंप दिया जाता था, जो उसे दूसरे जिलों में किसानों को बेच देते थे।

इस पूरी प्रक्रिया में जो भी रकम मिलती थी, उसे गैंग के सदस्य आपस में बांट लेते थे। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर अलग-अलग स्थानों से पांच ट्रैक्टर बरामद किए हैं।
चार आरोपी गिरफ्तार, कई जिलों से जुड़ा नेटवर्क
गिरफ्तार आरोपियों में प्रतापगढ़ निवासी कुलदीप सिंह, मैनपुरी निवासी सुभाष चंद यादव, मथुरा निवासी रामजी शर्मा और बाराबंकी निवासी संदीप यादव शामिल हैं। पुलिस के अनुसार गैंग का नेटवर्क कई जिलों में फैला हुआ था और इससे पहले भी इस तरह की घटनाओं में शामिल होने के संकेत मिले हैं।
कई मामलों में दर्ज हैं मुकदमे
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार आरोपी सुभाष चंद यादव और कुलदीप सिंह के खिलाफ पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें धोखाधड़ी, ठगी और अन्य गंभीर धाराओं से जुड़े मामले शामिल हैं।
फिलहाल थाना नवाबगंज पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि गैंग ने अब तक कितने किसानों को ठगी का शिकार बनाया है।
