झारखंड में सरकारी कर्मचारियों के लिए गुड न्यूज; डीए 7 फीसदी बढ़ा, 12 प्रस्तावों पर मुहर
रांची: झारखंड सरकार ने मंगलवार को अपने कर्मचारियों के डीए यानी महंगाई भत्ते में सात फीसदी की बढ़ोतरी को मंजूरी दी है। एक अधिकारी ने बताया कि यह बढ़ोतरी पिछले साल एक जुलाई से प्रभावी होगी। छठे केंद्रीय वेतन आयोग के तहत कर्मचारियों को मौजूदा मूल वेतन का 246 फीसदी डीए मिलेगा जो इससे पहले 239 फीसदी था। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में मंगलवार को मंत्रिमंडल की बैठक में 12 प्रस्तावों पर सहमति बनी।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक के दौरान कर्मचारियों के डीए को बढ़ाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। हेमंत सोरेन सरकार ने छठे वेतन आयोग के तहत पेंशनभोगियों को मिलने वाली महंगाई राहत (डीआर) में भी 7 फीसदी की बढ़ोतरी कर इसे 246 फीसदी कर दिया गया।
संयुक्त कैबिनेट सचिव राजीव रंजन ने बताया कि 5वें वेतन आयोग के तहत आने वाले सरकारी कर्मचारियों के लिए भी डीए मौजूदा 443 फीसदी से बढ़ाकर 455 फीसदी कर दिया गया है, जो एक जुलाई, 2024 से प्रभावी होगा। मंत्रिमंडल ने झारखण्ड सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम इकाई (एमएसएमई) विशेष छूट विधेयक-2025 के गठन को मंजूरी दी। विधेयक पारित होने के बाद राज्य में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम ईकाई के उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए तीन साल तक ट्रेड लाइसेंस या कंपनी संचालक से जुड़े लाइसेंस नहीं लेने होंगे।
उद्योग विभाग की सहमति से कंपनी का संचालन हो सकेगा। एमएसएमई को राज्य में बढ़ावा देने के उदेश्य से विधेयक के गठन को मंत्रिमंडल ने मंजूरी दी है। वहीं, राज्य में पांचवें व छठे अपुनरीक्षित वेतनमान में काम कर रहे कर्मियों व छठे वेतनमान के तहत पेंशनधारियों के महंगाई भत्ते में एक जुलाई 2024 की तारीख से बढ़ोतरी की गई है।
मंत्रिमंडल की बैठक के बाद जानकारी देते हुए मंत्रिमंडल, निगरानी एवं सचिवालय विभाग के अपर सचिव राजीव कुमार ने बताया कि छठे वेतनमान पर काम कर रहे कर्मियों, पेंशनधारियों, पारिवारिक पेंशनधारियों को महंगाई भत्ता 239 प्रतिशत से बढ़ातर 246 प्रतिशत किया गया है। वहीं पांचवें वेतनाम पर काम कर रहे राज्यकर्मियों का महंगाई भत्ता भी 443 प्रतिशत से बढ़ाकर 455 प्रतिशत किया गया है।
मंत्रिमंडल ने ईज आफ डूइंज बिजनेस के तहत कारखाना अधिनियम 1948 में भी संशोधन का फैसला लिया है। अब राज्य में कारखानों में महिला कर्मी की सहमति से शाम के सात बजे से सुबह छह बजे तक काम लिया जा सकेगा।