मण्डलायुक्त की अध्यक्षता में धान खरीद की समीक्षा बैठक संपन्न । लक्ष्य से कम खरीद पर नाराजगी व्यक्त की

बरेली: मण्डलायुक्त श्रीमती संयुक्ता समद्दार द्वारा आयुक्त सभागार में धान खरीद की समीक्षा बैठक की गयी, जिसमें अपर आयुक्त (प्रशा0), आर0एफ0सी0, आर0एम0ओ0 पी0सी0एफ0, पी0सी0यू0, यू0पी0एस0एस0 एवं एफ0सी0आई के मण्डलीय एवं जनपद स्तरीय अधिकारियों द्वारा प्रतिभाग किया गया।

धान खरीद की समीक्षा बैठक में मंडलायुक्त संयुक्ता समद्दार ने खाद्य अफसरों की जमकर क्लास ली। बरेली मंडल में किसानों से 503 करोड रुपये की सरकारी धान की खरीद की गई है। इसमें 377 करोड़ों रुपये किसानों को भुगतान किये जा चुके हैं। 127 करोड़ किसानों के धान का बकाया है। जिस पर कमिश्नर ने खाद्य विभाग के अफसरों को निर्देश दिए कि 48 घंटों के अंदर किसानों का बकाया भुगतान कराया जाए। सरकारी धान खरीद केंद्रों और राइस मिलों के अटैचमेंट के मामले में बड़ी अनियमितता सामने आई है खरीद केंद्रों से 80 और 90 किलोमीटर दूर की राइस मिलों को अटैच किया गया है ।इस पर कमिश्नर ने नाराजगी जताते हुए ऐसी सभी राइस मिलों का खरीद केंद्रों से अटैचमेंट समाप्त करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि अधिकतम 16 किलोमीटर और 20 किलोमीटर की दूरी की राइस मिलों को ही अटैच करें। नियमानुसार खरीद केंद्रों से निकटतम राइस मिल को संबद्ध किया जाना चाहिए। जबकि खाद्य विभाग के अधिकारियों ने ऐसा नहीं किया है। इस पर कमिश्नर संयुक्ता समद्दार ने एक सप्ताह में सभी खरीद केंद्रों के निकट की राइस मिलों की जियो टैगिंग करते हुए उनके संबंधी करण और ज्यादा दूरी की राइस मिलों का संबंधी करण निरस्त कर रिपोर्ट देने के आदेश दिए हैं। कमिश्नर ने धीमी धान खरीद पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि आढ़ती और बिचौलियों से धान खरीद कर सरकारी लक्ष्य की पूर्ति ना करें। वास्तविक किसानों से धान खरीदा जाए। इसका ध्यान रखें। ऐसा ना करने वाले केंद्र प्रभारियों और डिप्टी आरएमओ के खिलाफ सीधी कार्रवाई की जाएगी।

समीक्षा में ललौरीखेड़ा डिपो की सबसे ज्यादा शिकायतें सामने आई हैं। सीएमआर उतार में हो रही गड़बड़ी और लापरवाही की राइस मिलर्स ने जमकर शिकायत की। उन्होंने कहा कि सीएमआर लॉट देरी से स्वीकृत की जा रही है। ललोरीखेड़ा डिपो पर स्टाफ नहीं है। 30 लॉट रोज स्वीकृत कराई जाए। इसकी सूचना एफसीआई को दें। जिस पर कमिश्नर ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि लॉट की डिलीवरी गोदाम में 24 घंटे के अंदर हर हाल में होनी चाहिए गोदाम के कर्मचारियों लेबर की लेकर किसी भी तरह की वसूली और डाला लिए जाने कि शिकायत नहीं आनी चाहिए। ऐसा होने पर संबंधित डिपो इंचार्ज और ठेकेदार के खिलाफ सीधी कार्रवाई की जाएगी। डिपो पर भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं होगा। संबंधित के खिलाफ भ्रष्टाचार की एफआईआर दर्ज कर जेल भिजवाया जाएगा।

धान खरीद की समीक्षा में मंडल में 906000 मीट्रिक टन के सापेक्ष अब तक 246833 एमटी धान की खरीद की गई है। निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष मंडल में अब तक 27 फ़ीसदी धान खरीद हुई है। इसमें बरेली में 28 फीसदी, बदायूं में 25 फीसदी, पीलीभीत में 20% जहांपुर में 33 फीसदी धान खरीद की गई है। जिस पर कमिश्नर ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि धान खरीद लक्ष्य को बढ़ाएं और किसानों से धान खरीद करें। पीलीभीत में धान खरीद सबसे कम होने पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए आरएमओ को निर्देश दिए कि धान खरीद लक्ष्य बढ़ाएं। इस दौरान आरएमओ सचिन कुमार समेत चारों जिलों के डिप्टी आरएमओ एवं जिला खाद्य अधिकारी मौजूद रहे ।

बरेली से ए सी सक्सेना ।

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया The Lucknow Tribune के  Facebook  पेज को Like व Twitter पर Follow करना न भूलें... ------------------------- -------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- ------------------------------------------------------ -------------------------------------------------------- ------------------------------------------------------------------- --------------------------------------------- --------------------------------------------------------------- --------------------------------------------------------- --------------------------------------------------------------------------   ----------------------------------------------------------- -------------------------------------------------- ----------------------------------------------------------------------------------------- -------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------
E-Paper