जानिए किससे गाड़ी की सर्विसिंग करवाना रहेगा ठीक, सर्विस सेंटर या फिर लोकल मकैनिक?

नई दिल्ली। आप अपनी कार की सर्विस कहां करवाते हैं? सर्विस सेंटर पर या फिर लोकल मैकेनिक से? जब नई-नई गाड़ी होती है तब लोग अधिकतर ऑथराइज सर्विस सेंटर पर कार की सर्विसिंग करवाते हैं। वहीं अगर गाड़ी पुरानी होने लगती हैं तो लोग अक्सर समय की बचत के चलते लोकल मकैनिक से गैराज में सर्विसिंग करा लेते हैं। हालांकि, दोनों जगहों के अपने-अपने फायदे और नुकसान हैं, जिसके बारे में हम इस खबर में जिक्र करने वाले हैं।

वारंटी समस्या- अगर आपकी कार वारंटी में है, तो आपको बिना सोचे-समझे किसी अधिकृत सर्विस सेंटर पर जाना चाहिए। यह वास्तव में एक नो-ब्रेनर है साबित होगा। वारंटी के दौरान अपको सर्विसिंग के कम पैसे देने होते हैं।

नई गाड़ियां अब पहले से ज्यादा एडवांस हो गई हैं, जो और ईसीयू, फ्यूल सिस्टम, इग्निशन और इन-कार मनोरंजन सिस्सटम जैसे इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम से लैस हैं। इसलिए, यदि आप किसी ऑथराइज सर्विस सेंटर जाते हैं तो वहां आप निश्चिंत होकर अपनी गाड़ी की साफ-सफाई करवा सकते हैं, क्योंकि वहां मौजूद मकैनिक नई टेक्नालॉजी को भली-भांति समझते हैं।

अगर आप अपने पुरानी कार की सर्विसिंग सर्विस सेंटर से करवाते हैं, तो आपके गाड़ी की रिसेल वैल्यू बढ़ जाती है। जब कोई सेकेंड हैंड कार खरीदता है तो सबसे पहले वो इंजन को देखता है और गाड़ी की सर्विस हिस्ट्री को देखता है। अगर आपके गाड़ी की सर्विस हिस्ट्री मेंटेन रहती है तो आपको बेचते समय अपने गाड़ी की अच्छी वैल्यू मिल सकती है।

लोकल मकैनिक भी गाड़ियों की अच्छी सर्विसिंग करता है। हालांकि, लोगों का भरोसा अब भी सर्विस सेंटर पर ज्यादा, लोकिन अगर आप एक समझदार कार मालिक हैं तो आप लोकल मकैनिक से भी अच्छा काम करवा सकते हैं। लोकल मकैनिक से गाड़ी सर्विस करवाने से सीधे आपके समय की बचत होती है। इसके अलावा, लोकल मैकेनिक से सर्विसिंग करवाने से लेबर खर्च में सीधा बचत होती है, अगर वास्तविक स्पेयर का उपयोग किया जाता है तो पार्ट्स और आयल की लागत वही रहेगी, लेकिन लेबर चार्ज अधिकृत सर्विस सेंटर की तुलना में बहुत सस्ता होगा।

 

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