दुनिया की रहस्यमयी जगहों में से एक है ईस्टर आइलैंड, आइलैंड के वीराने में हैं 900 मूर्तियां

सैंटियागो: दुनिया की कई रहस्यमयी जगहों में से एक ईस्टर आइलैंड है। दक्षिण अमेरिका के पश्चिम में लगभग 3700 किमी दूर ईस्टर आइलैंड है। औसतन 13 फीट लंबे और 14 टन वजनी पत्थरों को काटकर कर इन्हें द्वीप के चारों ओर लगाया गया है। इस आइलैंड पर ज्वालामुखी पत्थरों को तराश कर बनाई गई अखंड मूर्तियां हैं। इन्हें मोई कहा जाता है। इनकी संख्या लगभग 900 के बराबर है।

दुनिया की कई रहस्यमयी जगहों में से एक ईस्टर आइलैंड भी है। ऐसा इसलिए क्यों इन मूर्तियों को लेकर कई तरह के अनुमान लगाए जाते रहे हैं। इन मूर्तियों को कैसे बनाया गया और इन्हें क्यों बनाया गया ये आज भी रहस्य है। एक रिसर्च के मुताबिक माना जाता है कि ईस्टर आईलैंड के प्राचीन लोगों ने कुलीन शासक वर्ग के इशारे पर 1000 मोई को तराशने का काम किया। ऐसा इसलिए क्योंकि उनका मानना था कि ये मूर्तियां फसल पैदा करने में सक्षम हैं। इनकी सबसे खास बात ये है कि देखने में सब एक जैसी लगती हैं।

ज्यादातर मूर्तियां चेहरा हैं, लेकिन बिना आंखों के है। देखने पर ऐसा लगता है जैसे उन्हें किसी ढांचे में ढाला गया है। ये मूर्तियां कहां से आईं, इसे लेकर भी कई सवाल हमेशा से हैं। कुछ लोग मानते हैं कि इसे एलियन यहां छोड़ कर चले गए। हालांकि ये सब सिर्फ एक मिथक है। लेकिन सबसे पहले ईस्टर आईलैंड के बारे में 1722 में पता चला जब यूरोपीयाई एक्सप्लोरर जैकब रॉकडेविन अपनी नाव से यहां पहुंचे थे। जिस दिन वह यहां पहुंचे तब ईस्टर संडे था, जिसके कारण इसका नाम ईस्टर आइलैंड रख दिया गया।

यहां उन्हें कुछ ही लोग मिले थे और सिर्फ मूर्तियां दिखीं, जिसके कारण एलियन वाली बात ज्यादा चर्चा में रहीं। सबसे ज्यादा चर्चा इस बात को लेकर होती रहती है कि आखिर इन मूर्तियों को इनकी जगह कैसे लाया गया। दरअसल इन मूर्तियों को बनाने में इस्तेमाल किया गया पत्थर एक विलुप्त ज्वालामुखी का था।

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