स्‍मॉग से फेफड़ों में भर गई है जहरीली हवा, घर पर इन चीजों से निकालें गंदगी

नई दिल्ली। सर्दी के समय में दिनोंदिन पॉल्यूशन की समस्‍या बढ़ती जा रही है. दिल्ली-एनसीआर में तो हालात और भी ज्‍यादा खराब है. यहां स्मॉग के कारण लोगों की आंखों में जलन और सांस लेने में दिक्कत हो रही है. यहां एयर क्वालिटी इंडेक्स 500 को भी पार कर चुका है. इसी वजह से यहां के स्‍कूलों को भी 8 नवंबर तक बंद कर दिया है, लेकिन आपको बता दें कि प्रदूषण फिर भी आपके बच्‍चों तक पहुंच रहा है. ये गंदी हवा आपको और आपके पूरे परिवार को परेशानी में डाल सकती है. खासकर इस समय आपको अपने बच्‍चों का भी विशेष ध्‍यान रखना चाहिए, इस पॉल्यूशन से बचने के लिए आप ये उपाय अपना सकते हैं.

बच्चों को प्रदूषण से बचाने के लिए घर पर एयर प्यूरीफायर का इस्तेमाल किया जा सकता है. इससे घर के अंदर की हवा साफ हो जाती है, जिससे आपको शुद्ध हवा मिलती है और आप हेल्‍दी रह सकते हैं. स्मॉग और पॉल्यूशन के समय ये लाइफ सेवर का काम करता है.

शहद गले की गंदगी को बाहर निकलाने में मदद करता है क्‍येांकि शहद अपने साथ गंदगी को पेट में ले जाता है और वहां से वह दूसरे वेस्ट मटेरियल के साथ बाहर निकल जाता है. इसलिए शहद खाने से फेफड़ों और सांस की नली की सूजन को कम करने में भी मदद मिलती है.

पॉल्यूशन के साइड इफेक्ट से बचने के लिए आप गुड़ को अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं क्योंकि, गुड़ शरीर के खतरनाक कणों और टॉक्सिन्स को बाहर निकालता है. इसे आप सुबह एक गिलास गुनगुने पानी के साथ ले सकते हैं.

स्मॉग सांस की नली में फंस जाता है. जिसकी वजह से सांस लेने में बहुत दिक्‍कत होती है. ये लंग्स इंफेक्शन की वजह से भी हो सकता है. इससे बचने के लिए आप स्टीम लें सकते हैं.भाप की वजह से आपकी सांस नली को रिलैक्स करते हैं और बलगम को ढीला कर देते हैं, जिससे ये बाहर आ जाता है.

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया The Lucknow Tribune के  Facebook  पेज को Like व Twitter पर Follow करना न भूलें... ------------------------- -------------------------------------------------------------------------------------------------------------------- ------------------------------------------------------ -------------------------------------------------------- ------------------------------------------------------------------- --------------------------------------------- --------------------------------------------------------------- --------------------------------------------------------- --------------------------------------------------------------------------   ----------------------------------------------------------- -------------------------------------------------- ----------------------------------------------------------------------------------------- -------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------------
E-Paper