उत्तर प्रदेश

साइबर अपराध की घटनाओं से बचाव के सम्बन्ध में विद्यार्थियों द्वारा मोबाइल के सार्थक प्रयोग हेतु प्रोत्साहन व उसके दुष्प्रभाव के प्रति जागरुकता प्रदान करने हेतु कार्यशाला का हुआ आयोजन

बरेली ,03 नवम्बर। मण्डलायुक्त तथा पुलिस महानिरीक्षक बरेली परिक्षेत्र डा0 राकेश सिंह की अध्यक्षता में कल साइबर अपराध की घटनाओं से बचाव के सम्बन्ध में विद्यार्थियों द्वारा मोबाइल के सार्थक प्रयोग हेतु प्रोत्साहन व उसके दुष्प्रभाव के प्रति जागरुकता प्रदान करने हेतु कार्यशाला का आयोजन विकास भवन सभागार में सम्पन्न हुआ।

यह कार्यशाला सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म (फेसबुक, इन्स्टाग्राम, टिव्टर, व्हाट्सएप आदि) पर स्कूल/कालेज के छात्र/छात्राओं द्वारा आपत्तिजनक पोस्ट/कमेन्ट एवं साइबर अपराध जागरूकता से सम्बन्धित थी। कार्यशाला में मण्डलायुक्त ने सभी विद्यालय व कालेज के प्रधानाचार्यों से कहा कि छात्र/छात्राओं को सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर कोई ऐसा पोस्ट न करे जिससे किसी तरह का माहौल खराब हो। विद्यालय/कालेजों में एक सोशल मीडिया सेल को गठित किया जाए।
जिससे बहुत से क्राइमों से बचा जा सकेगा।

उन्होंने कहा कि छात्र/छात्राये सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर कुछ गलत पोस्ट न करें, इसके लिए उन्हें, जागरुक किया जाए।

मण्डलायुक्त ने शिक्षा विभाग के समन्वय से आयोजित उक्त जागरूकता कार्यक्रम की उपयोगिता, प्रासंगिकता एवं सफलता के प्रति अत्यधिक संतोष व्यक्त करते हुए साइबर क्राइम सेल द्वारा भविष्य में पुलिस लाइन्स में एक विस्तृत विचार-गोष्ठी आयोजित करने के निर्देश दिये।

पुलिस महानिरीक्षक ने सभागार में उपस्थित बच्चों, शिक्षकों, अभिभावकों को सम्बोधित करते हुए वर्तमान परिवेश में साइबर क्राइम के भयावह रूप से बचने के सम्बन्ध में सभी को गंभीरतापूर्वक संवेदीकृत किया।

उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया प्लेट फार्म पर कुछ विद्यार्थियों द्वारा अज्ञानता में कुछ ऐसा गलत पोस्ट कर देते हैं, उन्हे नही मालूम होता, इसका दुष्प्रभाव हो सकता है, इसलिए उन्हें जागरुक करने की आवश्यकता है। उन्हांने कहा कि विद्यालय /कालेजों में पढ़ने वाले बच्चों द्वारा की गयी अपमानजनक पोस्ट व कमेन्ट पर उन्हे जेल हो सकती है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर साइबर क्राइम सेल बना है जिसके माध्यम से 24 घण्टे पुलिस विभाग द्वारा नजर रखी जा रही है। साइबर अपराध होने पर आप टोल फ्री नम्बर 1930 पर शिकायत दर्ज कर सकते हैं।

मुख्य विकास अधिकारी श्री जगप्रवेश द्वारा उक्त जागरूकता कार्यक्रम की परिचयात्मक रूपरेखा प्रस्तुत की गयी। पुलिस विभाग/साइबर क्राइम सेल बरेली के द्वारा जनपद में घटित कुछ संवेदनशील घटनाओं को प्रदर्शित करते हुए पी0पी0टी0 आधारित जागरूकता कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया।

साहू गोपीनाथ कन्या इण्टर कालेज बरेली की कक्षा-12 की छात्रा कु0 सिद्धि वर्मा तथा महाराजा अग्रसेन महाविद्यालय बरेली के छात्र द्वारा सोशल मीडिया के सकारात्मक एवं नकारात्मक पक्षों को विश्लेषित करते हुए साइबर अपराधों से बचाव के सम्बन्ध में विचार रखे। श्री वेद मिश्रा, प्रधानाचार्य, डी0पी0एस0 पब्लिक स्कूल बरेली ने मोबाइल, इण्टरनेट के सुरक्षित उपयोग पर व्यावहारिक चर्चा करते हुए विभिन्न उपायों को प्रस्तुत किया। बी0बी0एल0 पब्लिक स्कूल अलखनाथ बरेली की शिक्षिका श्रीमती स्वाति अग्रवाल ने भी सोशल मीडिया के प्रयोग के सम्बन्ध में व्यावहारिक विचार प्रस्तुत किये। श्रीमती शिवानी अरोड़ा अभिभावक, वुडरो सीनियर सेकेण्डरी स्कूल बरेली तथा श्री रितेश कुमार, अभिभावक, राजकीय इण्टर कालेज उमरसिया बरेली ने शिक्षकों एवं अभिभावकों की भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि अभिभावकों को अपने बच्चों को सोशल मीडिया की अतिवादिता से बचाने के लिए अपने परिवार के साथ बैठकर व्यावहारिक आदर्शों की चर्चा करनी चाहिए। बरेली से अखिलेश चन्द्र सक्सेना की रिपोर्ट

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