पृथ्वीनाथ महादेवा मंदिर में परिवार संग पहुंचीं मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल, विकास कार्यों का लिया जायजा
गोण्डा। मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल ने पृथ्वीनाथ महादेवा मंदिर पहुंचकर परिवार संग बाबा पृथ्वीनाथ के दर्शन एवं पूजन-अर्चन किया। इसके बाद उन्होंने मंदिर परिसर का भ्रमण कर श्रद्धालुओं की सुविधा, स्वच्छता, सुरक्षा और अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
मंडलायुक्त ने मंदिर परिसर में चल रहे विकास, सौंदर्यीकरण और जनसुविधा से जुड़े कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान घाट सौंदर्यीकरण, टूरिस्ट शेल्टर, बाह्य स्थल विकास, हॉर्टिकल्चर, टूरिस्ट फैसिलिटीज और विद्युतीकरण समेत विभिन्न कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से कार्यों की गुणवत्ता, प्रगति और निर्धारित मानकों के संबंध में जानकारी प्राप्त की।

उन्होंने निर्देश दिए कि मंदिर परिसर में चल रहे सभी विकास और सौंदर्यीकरण कार्यों को निर्धारित समयसीमा में गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा कराया जाए। पूर्ण हो चुके कार्यों में आवश्यकता के अनुसार सुधार कर उन्हें अधिक व्यवस्थित, आकर्षक और उपयोगी बनाया जाए, ताकि मंदिर की सुंदरता के साथ श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
मंडलायुक्त ने कहा कि पृथ्वीनाथ महादेवा मंदिर धार्मिक और ऐतिहासिक दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थल है। यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन और पूजन के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसका विशेष ध्यान रखा जाए। मंदिर परिसर में स्वच्छता, प्रकाश, पेयजल, बैठने, आवागमन, घाट, पार्किंग सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को बेहतर बनाया जाए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शेष और प्रस्तावित कार्य निर्धारित समयसीमा में पूरे कराए जाएं। निर्माण एवं सौंदर्यीकरण कार्यों में गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न किया जाए तथा प्रत्येक कार्य की नियमित निगरानी और अनुश्रवण सुनिश्चित किया जाए।

मंडलायुक्त ने टूरिस्ट सुविधाओं के विकास पर भी विशेष जोर देते हुए कहा कि व्यवस्थाएं इस प्रकार विकसित की जाएं कि स्थानीय श्रद्धालुओं के साथ बाहर से आने वाले पर्यटकों को भी बेहतर सुविधाएं मिल सकें। घाट और बाह्य स्थल विकास कार्यों में स्वच्छता, सुरक्षा और आकर्षक स्वरूप का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने कहा कि मंदिर की धार्मिक गरिमा, स्वच्छता और प्राकृतिक सुंदरता को बनाए रखते हुए विकास कार्यों को योजनाबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाए। जहां भी सुधार या अनुरक्षण की आवश्यकता हो, वहां तत्काल कार्रवाई की जाए।
मंडलायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को सभी व्यवस्थाओं का निरंतर अनुश्रवण करने के निर्देश देते हुए कहा कि मंदिर में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को स्वच्छ, सुरक्षित, सुगम और सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित किया जाए।

