रुहेलखण्ड विश्वविद्यालय के शिक्षा विभाग में दीक्षारंभ कार्यक्रम आयोजित, बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने किया प्रतिभाग

बरेली,12 अगस्त। महात्मा ज्योतिबा फुले रूहेलखण्ड विश्वविद्यालय, बरेली के शिक्षा एवं संबद्ध विज्ञान संकाय के अंतर्गत संचालित बी.एड./एम.एड. विभाग (आई.ए.एस.ई.) में नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए दीक्षारंभ कार्यक्रम का आयोजन विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर केपी सिंह की प्रेरणा से किया गया। कार्यक्रम में बी.एड. एवं एम.एड. के नवप्रवेशित विद्यार्थियों ने बड़ी संख्या में उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। इसी अवसर पर शिक्षा विषय में नवप्रवेशित पीएच.डी. शोधार्थियों के लिए अभिमुखीकरण कार्यक्रम भी आयोजित किया गया, जिसमें शोधार्थियों को विश्वविद्यालय, संकाय, विभाग तथा शोध प्रक्रिया से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की गई।

कार्यक्रम का आयोजन विभाग के सम्मेलन कक्ष में किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके पश्चात विद्यार्थियों को महात्मा ज्योतिबा फुले रूहेलखंड विश्वविद्यालय के शैक्षणिक वातावरण एवं परिसर से परिचित कराने के उद्देश्य से विश्वविद्यालय पर आधारित लघु वृत्तचित्र प्रदर्शित किया गया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को शिक्षा एवं संबद्ध विज्ञान संकाय तथा बी.एड./एम.एड. विभाग की शैक्षणिक गतिविधियों एवं उपलब्ध संसाधनों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम की समन्वयक प्रो. (डॉ.) संतोष अरोड़ा, अधिष्ठाता, शिक्षा एवं संबद्ध विज्ञान संकाय एवं विभागाध्यक्ष, बी.एड./एम.एड. विभाग ने विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों को संबोधित करते हुए विश्वविद्यालय में उपलब्ध शैक्षणिक एवं शोध अवसरों की जानकारी दी। उन्होंने नवप्रवेशित विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन, अनुशासन, शैक्षणिक सहभागिता एवं व्यक्तित्व विकास पर ध्यान देने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग विद्यार्थियों को अपने शैक्षणिक एवं व्यावसायिक लक्ष्यों को प्राप्त करने में सहायता करेगा।
नवप्रवेशित पीएच.डी. शोधार्थियों के अभिमुखीकरण के दौरान उन्हें शोध की प्रक्रिया, विभागीय शैक्षणिक वातावरण, शोध संबंधी अपेक्षाओं तथा विश्वविद्यालय में उपलब्ध शोध सुविधाओं के संबंध में आवश्यक जानकारी प्रदान की गई। शोधार्थियों को गुणवत्तापूर्ण एवं मौलिक शोध के लिए प्रोत्साहित किया गया तथा शोध कार्य में अनुशासन, निरंतरता, अकादमिक ईमानदारी एवं वैज्ञानिक दृष्टिकोण के महत्व पर बल दिया गया।
एम.एड. कार्यक्रम के प्रभारी डॉ. तरुण राष्ट्रीय ने विद्यार्थियों को एम.एड. कार्यक्रम की जानकारी प्रदान की, जबकि बी.एड. प्रथम वर्ष की प्रभारी डॉ. प्रतिभा सागर ने बी.एड. कार्यक्रम से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी साझा की।

कार्यक्रम में लक्ष्मी बाई केलकर छात्रावास की वार्डन डॉ. कीर्ति प्रजापति ने छात्रावास सुविधाओं के बारे में विद्यार्थियों को जानकारी दी। डॉ. रश्मि रंजन, सहायक डी.एस.डब्ल्यू. एवं छात्र परिषद समन्वयक, ने विद्यार्थी कल्याण गतिविधियों एवं छात्र परिषद से संबंधित जानकारी प्रदान की। वहीं डॉ. रामबाबू सिंह, सहायक प्रॉक्टर, ने विद्यार्थियों को प्रॉक्टोरियल अनुशासन एवं पहचान-पत्र से संबंधित आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
प्रथम सत्र के उपरांत भोजनावकाश के बाद दूसरे सत्र में विद्यार्थियों को विभाग एवं विश्वविद्यालय परिसर का भ्रमण कराया गया। विभिन्न संकाय सदस्यों ने विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय की प्रमुख शैक्षणिक एवं संस्थागत सुविधाओं से परिचित कराया।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. विमल कुमार द्वारा किया गया। बड़ी संख्या में विद्यार्थियों एवं नवप्रवेशित शोधार्थियों की सहभागिता ने कार्यक्रम को सफल एवं सार्थक बनाया। दीक्षारंभ एवं शोधार्थी अभिमुखीकरण कार्यक्रम ने नवप्रवेशित विद्यार्थियों और शोधार्थियों को विश्वविद्यालय के शैक्षणिक एवं शोधपरक वातावरण से परिचित कराने तथा उनके आगामी शैक्षणिक जीवन के लिए सकारात्मक आधार तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों को यह संदेश दिया गया कि विश्वविद्यालय केवल औपचारिक शिक्षा का केंद्र नहीं, बल्कि ज्ञान, अनुसंधान, नवाचार, व्यक्तित्व विकास एवं अकादमिक उत्कृष्टता का महत्वपूर्ण मंच है। कार्यक्रम में प्रो. यशपाल सिंह, प्रो. अंजू अग्रवाल ,प्रो.सुधीर कुमार वर्मा, प्रो० क्षमा पांडे डॉ० नीरज ,डॉ०मीनाक्षी द्विवेदी, डॉ सुरेश कुमार एवं विभाग के शोधार्थी उपस्थित रहे।
बरेली से अखिलेश चन्द्र सक्सेना की रिपोर्ट
