राज्यसभा चुनाव से पहले ‘खेला’ का डर, हरियाणा कांग्रेस विधायकों को हिमाचल भेजने की तैयारी
नई दिल्ली : हरियाणा में राज्यसभा चुनाव से पहले सियासी हलचल तेज हो गई है। क्रॉस वोटिंग की आशंका के चलते अपने विधायकों को सुरक्षित स्थान पर ले जाने की तैयारी कर रही है। सूत्रों के अनुसार, पार्टी अपने विधायकों को कुछ दिनों के लिए Himachal Pradesh शिफ्ट करने की योजना बना रही है, जहां कांग्रेस की सरकार है। इस रणनीति को अंतिम रूप देने के लिए गुरुवार को पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष Bhupinder Singh Hooda के चंडीगढ़ स्थित आवास पर कांग्रेस विधायकों के लिए लंच मीटिंग रखी गई है। बताया जा रहा है कि विधायकों को 4–5 दिन की तैयारी के साथ आने को कहा गया है, ताकि जरूरत पड़ने पर उन्हें तुरंत शिफ्ट किया जा सके।
सूत्रों के मुताबिक विधायकों को हिमाचल प्रदेश ले जाने के लिए दो लग्जरी बसें बुक की गई हैं। वहां पहुंचने के बाद उन्हें किसी सुरक्षित रिजॉर्ट में ठहराया जाएगा और पुलिस सुरक्षा भी दी जाएगी। इस दौरान पार्टी के वरिष्ठ नेता B. K. Hariprasad और प्रदेश अध्यक्ष Rao Narender भी साथ रह सकते हैं। महिला विधायकों के लिए परिवार के साथ रहने की व्यवस्था किए जाने की भी चर्चा है। जुलाना से विधायक Vinesh Phogat के भी इस बैठक में शामिल होने की संभावना है, जहां यह तय होगा कि वे हिमाचल जाएंगी या नहीं। हाल ही में चंडीगढ़ में हुई कांग्रेस विधायक दल की बैठक से पांच विधायक अनुपस्थित रहे थे, जिससे पार्टी नेतृत्व की चिंता बढ़ गई। इनमें कुलदीप वत्स, भरत सिंह बेनीवाल, आदित्य सुर्जेवाला और चंद्र मोहन जैसे नाम शामिल बताए जा रहे हैं।

दूसरी ओर Bharatiya Janata Party भी चुनाव को लेकर पूरी तैयारी में है। पार्टी ने अपने विधायकों को मतदान से पहले वोटिंग का अभ्यास कराने की योजना बनाई है। इसके लिए उन्हें 14 से 16 मार्च तक चंडीगढ़ में रहने के निर्देश दिए गए हैं। चुनाव की निगरानी के लिए भाजपा ने Harsh Sanghavi को पर्यवेक्षक बनाया है, जबकि हरियाणा के मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini और केंद्रीय मंत्री Manohar Lal Khattar भी चुनावी रणनीति में सक्रिय हैं।
90 सदस्यीय विधानसभा में भाजपा के पास 48 विधायक हैं और उसे तीन अन्य विधायकों का समर्थन भी प्राप्त है। वहीं कांग्रेस के पास 37 विधायक हैं। इस हिसाब से दोनों दलों को एक-एक सीट मिलनी चाहिए, लेकिन पिछले चुनावों में क्रॉस वोटिंग के कारण परिणाम बदल चुके हैं।

इस बार भाजपा के Sanjay Bhatia की जीत लगभग तय मानी जा रही है, जबकि दूसरी सीट के लिए कांग्रेस के Karmveer Bauddh और भाजपा समर्थित निर्दलीय Satish Nandal के बीच कड़ा मुकाबला माना जा रहा है।
गौरतलब है कि 2016 के राज्यसभा चुनाव में स्याही कांड के कारण कांग्रेस के 14 वोट रद्द हो गए थे, जिससे भाजपा समर्थित Subhash Chandra जीतकर राज्यसभा पहुंचे थे। वहीं 2022 में भाजपा समर्थित निर्दलीय Kartikeya Sharma ने क्रॉस वोटिंग के चलते कांग्रेस के Ajay Maken को हरा दिया था। इसी अनुभव के कारण इस बार कांग्रेस अपने विधायकों को सुरक्षित रखने के लिए पूरी सतर्कता बरत रही है।
